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विशिष्ट आशुलिपि (स्वयंशिक्षक) - पाठ्यपुस्तक

₹ 180/-

ISBN: 978-93-5137-854-9

यह पुस्तक आशुलिपि-विज्ञान के विषय पर विश्व में प्रथम पीएच.डी., गिन्नीज़ रेकॉर्ड होल्डर एवं विश्व कीर्तिमान धारक डॉ. गोपाल दत्त बिष्ट द्वारा उनके अथक शोध, परिश्रम एवं 30 वर्षों तक संसद के दोनों सदनों में संसदीय रिपोर्टिंग के अनुभवों के आधार पर तैयार की गई। लेखक ने कार्यपालिका, न्यायपालिका एवं विधायिका में दुभाषी आशुलिपिक एवं रिपोर्टर के रूप में कार्य करने के अनुभवों का पूरा लाभ इस पुस्तक के लेखन में दिया और उच्चतम गति 250 शब्द प्रति मिनट तक इसका परीक्षण करने के बाद इसका प्रकाशन किया। इसके प्रकाशन के बाद भी निरंतर इसके शोधन एवं सरलीकरण का कार्य जारी रहा जिसके परिणामस्वरूप इसे अब विशिष्ट आशुलिपि स्वयंशिक्षक का नाम दिया गया है जिससे प्रतिभाशाली एवं जिज्ञासु छात्र स्वयं आशुलिपि का अध्ययन कर अपने लिए आकर्षक रोज़गार प्राप्त कर सकें।

विशिष्ट श्रृंखला की सभी पुस्तकें +2 व्यावसायिक शिक्षा, आई.टी.आई., आर.वी.टी.आई., ए.टी.आई. एवं पोलिटैक्निक के पाठ्यक्रम में मान्य हैं।

अब लेखक से सीधे प्रशिक्षण लें !! प्रशिक्षण के लिए पुस्तक की सी.डी. उपलब्ध है. .



उच्च गतिलेखन (250 शब्द प्रति मिनट)

₹ 180/-

ISBN: 978-93-5137-855-6

100 शब्द प्रति मिनट से अधिक गति पर लिखने के लिए इस पुस्तक का निर्माण किया गया है। लेखक के शोध एवं अनुभवों के आधार पर उच्चगति कीर्तिमान धारकों द्वारा प्रयोग किए जाने वाले लगभग 5000 वाक्यांशों का समावेश इस पुस्तक में किया गया है। वाक्यांशों के साथ 153 गतिलेखन एवं पठन के अभ्यासों की यह पुस्तक 120 से अधिक की गति के लिए उपयोगी है जिसमें 30 शब्दों के बाद तिर्यक रेखा / दी गई है ताकि 120, 140, 160, 180, 200, 220 और 240 शब्द प्रति मिनट की गति से लिखने के लिए इनका उपयोग किया जा सके। यह पुस्तक भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय, केन्द्रीय हिन्दी निदेशालय की हिन्दी में लोकप्रिय पुस्तकों की प्रकाशन सहयोग योजना के तहत प्रकाशित की गई है।

(Approved by Govt. of India, vide DGET-14(3)/83-CD dt. 28.2.85)



टाइपोग्राफी एवं कंप्यूटर ऐप्लीकेशन

₹ 180/-

ISBN: 978-93-5137-855-6

हिन्दी टाइपराइटर के इतिहास व विकास क्रम से आरंभ करते हुए कंप्यूटर के संचालन की पूरी जानकारी इस पुस्तक में दी गई है। हिन्दी टंकण के सैद्धांतिक एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण के साथ कुंजीपटल संचालन एवं गतिटंकण के लिए इसमें पर्याप्त अभ्यास दिए गए हैं। कंप्यूटर पर टाइपिंग सीखने वालों के कार्य को अति सरल बना दिया गया है जिससे अत्यधिक गति प्राप्त हो सके। अंगुलियों का कुंजीपटल पर सही विभाजन, अनुच्छेद टाइप करना, पत्र टंकण एवं कार्यालयीन कार्यों की पूरी जानकारी दी गई है। पांडुलिपि टाइप करने एवं सामग्री संशोधन, स्टेंसिल काटने आदि के पाठ सरलतम हैं। पुस्तक के पहले एवं दूसरे अध्यायों में कंप्यूटर हार्डवेयर की जानकारी प्रश्न एवं उत्तर के रूप में देकर इसे रोचक एवं सुग्राह्य बना दिया गया है। इसके बाद के अध्यायों में एम.एस.वर्ड, एक्सैल, पावर पाइंट एवं इंटरनैट संबंधी जानकारी प्रश्न और उत्तर के रूप में दी गई है जो अत्यंत लाभदायक है। यह पुस्तक केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, पोलिटैक्निकों एवं व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के लिए स्वीकृत है जिससे न्यूनतम समय में अधिकतम गति प्राप्त की जा सकती है।



कार्यालय (सचिव) पद्धति (प्रश्न एवं उत्तर सहित)

₹ 200/-

ISBN: 978-93-5137-856-3

व्यावसायिक शिक्षा आशुलिपि, ऑफिस सैक्रेटरीशिप और ऑडिटिंग एंड अकाउंटिंग के सभी कोर्सों के लिए अनिवार्य विषय की यह पुस्तक सीबीएसई के साथ ही अन्य पाठ्यक्रमों को पूरा करती है तथा आई.टी.आई., ओपन स्कूल, पोलिटैक्नीक एवं डिग्री के छात्रों के लिए उपयोगी है। पुस्तक के अंत में लघु उत्तरीय एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न दिए गए हैं जो सभी छात्रों के लिए अत्यंत उपयोगी हैं। इसके साथ ही व्यावहारिक परीक्षाओँ के लिए भी उपयोगी मार्गदर्शन इस पुस्तक में उपलब्ध है।


         


विशिष्ट गतिलेखन निर्देशिका

₹ 150/-

ISBN: 978-93-5156-065-4

पाठ्यपुस्तकों के सैद्धांतिक पाठों को समाप्त करने के बाद इस पुस्तक का प्रयोग अति आवश्यक है जिसमें गतिलेखन संबंधी सभी प्रकार के निर्देश दिये गये हैं। 60, 80 और 100 शब्द प्रति मिनट के गतिलेखन अभ्यासों के साथ ही इस पुस्तक में 2000 वाक्यांश, उपसर्ग-प्रत्यय, शब्द-चिह्न, शब्दाक्षर, संक्षिप्ताक्षर एवं विशेष शब्द सूची दी गई है जो सही आशुलेखन में मार्गदर्शन करती है। इसमें श्रुतलेखन एवं पढ़ने के अभ्यासों की व्यापक सामग्री दी गई है जिससे प्रशिक्षार्थी का लक्ष्य पूरा हो सके। यह पुस्तक आशुलिपि पढ़ने वाले सभी कोर्सों के शिक्षार्थियों के लिए अत्यंत लाभदायक है। भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय, शिक्षा विभाग के वित्तीय सहयोग से प्रकाशित यह पुस्तक व्यावहारिक आशुलेखन परीक्षा पास करने के लिए उत्तम है। इसे सभी आशुलेखन प्रणालियों के लोग अपनाकर अपनी कमियों को दूर करके आगे बढ़ सकते हैं। इसमें SSC, DSSB, UPSC की आशुलिपिक परीक्षा एवं संसदीय रिपोर्टर की परीक्षाओँ हेतु महत्वपूर्ण अभ्यास दिए गए हैं जिनसे आप अपनी सफलता सुनिश्चित कर सकते हैं।



विशिष्ट डिक्टेशन (श्रुतलेख)

₹ 150/-

ISBN: 978-93-5156-070-8

यह पुस्तक SSC, DSSB, UPSC एवं अन्य सभी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उपयोगी है। इसमें 100 शब्द प्रति मिनट के 5 मिनट के गति-अभ्यास दिए गए हैं। बायें पेज पर आशुलिपि है और दायें पेज पर हिन्दी के डिक्टेशन दिए गए हैं ताकि आप आशुलेखन पढ़ने का अभ्यास कर सकें और समझ में नहीं आने पर दायीं ओर देख सकें। गति-गणना इस प्रकार दी गई है कि 10 मिनट के डिक्टेशन लिखने के लिए दो डिक्टेशन जोड़कर लिखे जा सकें एवं दो या तीन डिक्टेशनों को जोड़ने में कोई कठिनाई न हो। इसमें हर 20 शब्द के बाद तिर्यक / रेखा दी गई है और प्रत्येक डिक्टेशन 500 शब्दों की है जिनका 80 एवं 100 शब्द प्रति मिनट की गति के साथ ही उच्च गतियों के लिए भी उपयोग किया जा सकता है।

(Approved by Govt. of India, vide DGET-14(3)/83-CD dt. 28.2.85)



आशुलिपि प्रश्नोत्तरी (परीक्षा एवं सैंपल प्रश्नपत्र)

₹ 120/-

ISBN:

आशुलिपि की सैद्धांतिक परीक्षाएँ अब सभी पाठ्यक्रमों में अनिवार्य हैं। इसे ध्यान में रखते हुए इस पुस्तक का निर्माण किया गया है। आशुलिपि सिद्धांत के पाठों के साथ ही प्रश्नोत्तरी का उपयोग करना चाहिए ताकि प्रश्नों को समझना और उनके उत्तर देना सरल हो सके। इस पुस्तक में व्यावसायिक पाठ्यक्रम CBSE, ITI, Polytechnic, NIOS तथा डिग्री कोर्सों के लिए परीक्षा उपयोगी प्रश्न एवं उत्तर हैं जो पूरे आशुलिपि कोर्स के लिए पर्याप्त हैं।



आशुलिपि लघुकोश

₹ 100/-

ISBN:

दैनिक उपयोग में आने वाले शब्दों के आशुलेख एवं उनके अर्थ का यह लघु शब्दकोश सभी आशुलिपि शिक्षार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी है। इसमें हिन्दी के साथ ही अंग्रेज़ी शब्दों एवं पदनामों तथा वाक्यांशों के भी आशुलेख दिए गए हैं और उनके अर्थ भी हिन्दी में दिए गए हैं ताकि यह कोश अधिक उपयोगी बन सके। हिन्दी आशुलिपिकों को अंग्रेज़ी शब्दों को लिखने में होने वाली कठिनाइयों का इसमें समाधान किया गया है ताकि दुभाषी कुशलता में उन्हें कोई दिक्कत न हो।

(Approved by Govt. of India, vide DGET-10(2)/90-CD dt. 2.6.90)



आशुलिपि विज्ञान का ऐतिहासिक, भाषा-वैज्ञानिक एवं तुलनात्मक अध्ययन (प्रशिक्षण ग्रंथ)

₹ /-

ISBN:

आशुलिपि विज्ञान के विषय में विश्व में प्रथम एवं एकमात्र शोधकर्ता द्वारा पीएच.डी. की उपाधि अर्जित करने वाले तथा गिन्नीज़ रिकॉर्डधारी विशेषज्ञ डॉ. गोपाल दत्त बिष्ट द्वारा रचित यह ग्रंथ भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय के सहयोग से आशुलिपि के दुर्लभ ग्रंथों की श्रेणी के अंतर्गत प्रकाशित किया गया है। इसमें आशुलिपि के उदय एवं विकास के रोचक इतिहास के साथ पिछले 2000 वर्षों में हुई प्रगति के बारे में बताते हुए हिन्दी आशुलिपि के विकास और हिन्दी व भारतीय भाषाओं की आशुलिपि पद्धतियों का विवेचनात्मक एवं तुलनात्मक अध्ययन का विश्लेषण दिया गया है। अंग्रेज़ी की पिटमैन शॉर्टहैन्ड की कमियों का उल्लेख करते हुए विशिष्ट पद्धति के निर्माण के ठोस भाषा-वैज्ञानिक आधार प्रस्तुत करते हुए आशुलेखन संबंधी सभी समस्याओं का समाधान इसमें किया गया है। यह ग्रंथ आशुलिपि पढ़ाने वाले सभी प्रशिक्षकों एवं शोध करने वालों के लिए अद्वितीय मार्गदर्शक ग्रंथ है जो भाषा-विज्ञान की सभी शाखाओं का उल्लेख करते हुए आशुलिपि से उसका सीधा संबंध स्थापित करता है।